राजनांदगांव में विकास और सम्मान की नई पहल:*
*डॉ. रमन सिंह ने किया* ' *पहल* *पुस्तकालय' का उद्घाटन, कोतवारों का हुआ सम्मान*
संवाददाता संगीता सिंह राजनांदगांव
दिनांक:15/06/2026
*राजनांदगांव में विकास और सम्मान की नई पहल:*
*डॉ. रमन सिंह ने किया* ‘ *पहल* *पुस्तकालय’ का उद्घाटन, कोतवारों का हुआ सम्मान*
राजनंदगांव।
राजनंदगांव के रक्षित केंद्र (रक्षित ग्राउंड) में आज विकास, शिक्षा और सामाजिक सरोकार से जुड़ा एक भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि माननीय डॉ. रमन सिंह (विधानसभा अध्यक्ष/पूर्व मुख्यमंत्री) रहे। इस गरिमामय समारोह में उन्होंने क्षेत्र की जनता और पुलिस परिवार को कई महत्वपूर्ण सौगातें दीं, जिसमें शिक्षा के प्रसार से लेकर पर्यावरण संरक्षण और कानून व्यवस्था को मजबूत करने वाले कदम शामिल रहे।
1. *शिक्षा की नई रोशनी: ‘पहल पुस्तकालय’ का लोकार्पण*
कार्यक्रम के मुख्य आकर्षण के रूप में माननीय डॉ. रमन सिंह द्वारा रक्षित ग्राउंड में नवनिर्मित ‘पहल पुस्तकालय’ का भव्य उद्घाटन किया गया।
उद्देश्य: यह पुस्तकालय स्थानीय युवाओं, प्रतियोगिता परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों और पुलिस परिवार के बच्चों को एक शांत और संसाधन-युक्त वातावरण प्रदान करेगा।
विशेषता: आधुनिक सुविधाओं से लैस इस लाइब्रेरी का मकसद ज्ञान का विस्तार करना और युवाओं को सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ाना है।
2. पर्यावरण संरक्षण: ‘एक पेड़ मां के नाम’ और वृक्षारोपण
पुस्तकालय के उद्घाटन के बाद परिसर को हरा-भरा और प्रदूषण मुक्त बनाने के संकल्प के साथ वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। डॉ. रमन सिंह सहित उपस्थित वरिष्ठ अधिकारियों और गणमान्य नागरिकों ने फलदार और छायादार पौधे रोपे। इस दौरान उन्होंने संदेश दिया कि प्रकृति का संतुलन बनाए रखना हम सबकी सामूहिक जिम्मेदारी है।
3. परंपरा और सुरक्षा का सम्मान: कोतवार सम्मान समारोह
ग्रामीण व्यवस्था की रीढ़ कहे जाने वाले कोतवारों के योगदान को सराहने के लिए ‘कोतवार सम्मान समारोह’ आयोजित किया गया। डॉ. रमन सिंह ने क्षेत्र के कोतवारों को उनकी उत्कृष्ट और समर्पित सेवाओं के लिए सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि कोतवार प्रशासन और जनता के बीच की सबसे मजबूत कड़ी हैं, जो विपरीत परिस्थितियों में भी अपनी जिम्मेदारी बखूबी निभाते हैं।
4. शांति और सद्भाव की सराहना: ‘अपराध मुक्त गांव’ पुरस्कृत
समाज में कानून व्यवस्था और आपसी भाईचारे को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक अनूठी पहल देखने को मिली। क्षेत्र के उन गांवों को विशेष रूप से सम्मानित और पुरस्कृत किया गया, जिन्होंने सूझबूझ और सामुदायिक सहयोग से खुद को ‘ *अपराध मुक्त गांव’* के रूप में स्थापित किया है। यह सम्मान अन्य गांवों के लिए भी प्रेरणा बनेगा।
माननीय डॉ. रमन सिंह का संदेश:
“आज का यह आयोजन सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि एक सुरक्षित, शिक्षित और जागरूक समाज के निर्माण की दिशा में बड़ा कदम है। जहां एक तरफ ‘पहल पुस्तकालय’ हमारे युवाओं के भविष्य को संवारेगा, वहीं अपराध मुक्त गांवों और हमारे कोतवारों का सम्मान यह दर्शाता है कि सजगता से ही हम एक आदर्श समाज गढ़ सकते हैं।”
इस अवसर पर जिले के वरिष्ठ प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामीण व प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित रहे। पूरा कार्यक्रम उत्साह और गौरव के माहौल में संपन्न हुआ।

