दुर्ग विधायक रिकेश सेन को 11 हजार से ज्यादा बहनों ने बांधी राखी
उमड़ा स्नेह का सैलाब, दिखा भाई-बहन के प्रेम का अद्भुत नजारा
*छत्तीसगढ़

दुर्ग
विधायक रिकेश सेन को 11 हजार से ज्यादा बहनों ने बांधी राखी, उमड़ा स्नेह का सैलाब, दिखा भाई-बहन के प्रेम का अद्भुत नजारा

संवाददाता संगीता सिंह राजनांदगांव*
भिलाई नगर। रक्षाबंधन के पावन पर्व पर वैशाली नगर विधानसभा में भाई-बहन के प्रेम, विश्वास और आत्मीय रिश्ते की अनूठी तस्वीर देखने को मिली। वैशाली नगर स्थित लोकांगन परिसर में रविवार को 11 हजार से अधिक बहनें अपने विधायक भाई रिकेश सेन को रक्षासूत्र बांधने पहुंचीं। अल्प सूचना पर इतनी बड़ी संख्या में बहनों के पहुंचने से लोकांगन परिसर ही नहीं, बल्कि गरबा ग्राउंड और आसपास का क्षेत्र भी बहनों की कतारों से भर गया।

रविवार की सुबह से ही बहनों का लोकांगन पहुंचना शुरू हो गया था। बीती रात विधायक रिकेश सेन के वीडियो संदेश के बाद महज कुछ घंटों के भीतर बड़ी संख्या में बहनें उन्हें राखी बांधने पहुंच गईं। आयोजन में रखी गई कुर्सियां कम पड़ गईं और दोपहर से शाम तक बहनें अपनी बारी का इंतजार करती नजर आईं। दोपहर 1 बजे से शाम 6 बजे तक विधायक सेन लगातार बहनों से रक्षासूत्र बंधवाते रहे।

व्यवस्था को लेकर भी विधायक स्वयं सक्रिय नजर आए। लोकांगन के हर हिस्से में पहुंचकर उन्होंने बहनों से मुलाकात की और उन्हें भरोसा दिलाया कि कोई भी बहन निराश होकर नहीं लौटेगी। उन्होंने कहा कि पार्षद से लेकर विधायक बनने तक वैशाली नगर की बहनों ने जिस आत्मीयता से उन्हें अपना भाई मानकर स्नेह और आशीर्वाद दिया है, उस रिश्ते का मान रखना उनका दायित्व है। उन्होंने कहा कि जो बहनें आज उनसे नहीं मिल पाईं, उनके लिए भी अगले एक सप्ताह तक उपलब्ध रहने का प्रयास करेंगे।
रक्षाबंधन के इस आयोजन में बहनों ने अपने विधायक भाई का तिलक किया, आरती उतारी और रक्षासूत्र बांधकर उनकी दीर्घायु एवं स्वस्थ जीवन की कामना की। भाई को राखी बांधने के बाद सैकड़ों बहनों ने विधायक की धर्मपत्नी डॉ. रिचा सेन को भी रक्षा सूत्र बांधा।
ढाई दशक पुराना रिश्ता, हर वर्ष बढ़ता गया स्नेह
गौरतलब है कि विधायक रिकेश सेन का बहनों से रक्षाबंधन का यह आत्मीय रिश्ता कोई नया नहीं है। पिछले करीब ढाई दशक से वे हर वर्ष रक्षाबंधन के सप्ताह भर पूर्व से ही बहनों से राखी बंधवाते आ रहे हैं। इस दौरान वे परंपरा के अनुरूप बहनों को उपहार भी देते रहे हैं। समय के साथ यह आयोजन लगातार व्यापक होता गया और रक्षासूत्र बांधने पहुंचने वाली बहनों की संख्या भी बढ़ती गई।
पिछले वर्ष वैशाली नगर विधानसभा में घरेलू कामकाज करने वाली महिलाओं के लिए शुरू की गई ‘शक्ति योजना’ के बाद इस आत्मीय रिश्ते का दायरा और बढ़ा। योजना से जुड़ी 22 हजार महिलाओं ने भी विधायक को अपना भाई मानकर रक्षाबंधन पर उन्हें राखी बांधनी शुरू की। यही वजह रही कि पिछले वर्ष भी सप्ताह भर तक बड़ी संख्या में बहनें विधायक से राखी बंधवाने और उन्हें राखी बांधने पहुंचती रहीं।
आपका आशीर्वाद ही मेरी शक्ति
विधायक रिकेश सेन ने बहनों के इस अपार स्नेह के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वैशाली नगर की हजारों बहनों का आशीर्वाद ही उन्हें जनता की सेवा के लिए निरंतर प्रेरित करता है। उन्होंने कहा कि इसी शक्ति और विश्वास के बल पर विधानसभा क्षेत्र में दो दर्जन से अधिक जनोपयोगी योजनाएं शुरू की गई हैं, जिनका सीधा लाभ क्षेत्र की जनता को मिल रहा है।
उन्होंने बहनों से अपील की कि वे इसी तरह अपना स्नेह और आशीर्वाद बनाए रखें तथा ईश्वर से उनके स्वस्थ रहने की प्रार्थना करें, ताकि वे आगे भी वैशाली नगर की जनता के लिए नई और जनोपयोगी योजनाएं शुरू करते हुए निरंतर सेवा कर सकें।
लोकांगन में उमड़ी हजारों बहनों की भीड़ ने रक्षाबंधन को महज एक पर्व नहीं, बल्कि जनप्रतिनिधि और जनता के बीच बने आत्मीय पारिवारिक रिश्ते के उत्सव में बदल दिया। अल्प सूचना पर उमड़ा यह स्नेह-सैलाब पूरे दिन वैशाली नगर भिलाई में चर्चा का विषय बना रहा।
विधायक रिकेश सेन की बढ़ती लोकप्रियता
वैशाली नगर विधानसभा क्षेत्र के विधायक रिकेश सेन उन जनप्रतिनिधियों में गिने जाते हैं, जो अपने क्षेत्र की जनता से लगातार संवाद बनाए रखते हुए समय-समय पर नई जनहितकारी पहल करते रहे हैं। हाल ही में उन्होंने युवाओं के लिए 16 नई योजनाओं की घोषणा कर एक बार फिर चर्चा बटोरी है। इन योजनाओं में शिक्षा, रोजगार, डिजिटल सशक्तिकरण और सामाजिक सुविधाओं पर विशेष जोर दिया गया है।
रिकेश सेन की कार्यशैली की खास बात यह रही है कि वे केवल सरकारी योजनाओं तक सीमित नहीं रहते, बल्कि सामाजिक स्तर पर भी कई पहल करते हैं। त्योहारों के दौरान वे स्वयं मैदान में उतरकर व्यवस्थाओं का जायजा लेते हैं और नागरिकों के बीच सक्रिय रूप से मौजूद रहते हैं।
स्थानीय स्तर पर आयोजित कार्यक्रमों में उन्होंने कई बार लोगों को प्रतीकात्मक उपहार भी उपलब्ध कराए हैं। तीजा व्रत की रात करु भात खाने की रस्म के दौरान निःशुल्क करेला वितरण, दीपावली पर पटाखों का वितरण और होली के अवसर पर रंग उपलब्ध कराने जैसी पहलें उन्हें जनता के बीच अलग पहचान दिलाती रही हैं।
विधानसभा के भीतर भी रिकेश सेन विभिन्न स्थानीय और जनहित के मुद्दों को उठाते रहे हैं। क्षेत्र की आधारभूत सुविधाओं, युवाओं के रोजगार, शिक्षा और नागरिक समस्याओं को लेकर वे समय-समय पर अपनी बात रखते रहे हैं।
समर्थकों का मानना है कि लगातार नई घोषणाएं और जनता के बीच सक्रिय मौजूदगी उनकी पहचान बन चुकी है। वहीं राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, जनसंपर्क और स्थानीय मुद्दों पर फोकस उनकी राजनीतिक शैली की प्रमुख विशेषताओं में से एक है। आने वाले समय में उनकी नई घोषणाओं और योजनाओं के क्रियान्वयन पर भी लोगों की नजर रहेगी।
स्वास्थ्य और वरिष्ठ नागरिकों के लिए भी विधायक रिकेश सेन ने कई पहल की हैं। क्षेत्रवासियों को एक रूपये में एक्स-रे, एमआरआई, बीपी और शुगर जांच जैसी स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ ही जरूरतमंदों के लिए चिकित्सा सहायता के प्रयास किए गए। वहीं बुजुर्गों को धार्मिक स्थलों के दर्शन कराने की पहल भी उनकी जनसेवा से जुड़ी योजनाओं का हिस्सा रही है। इन प्रयासों का उद्देश्य हर आयु वर्ग तक सुविधाएं पहुंचाना और लोगों के जीवन को आसान बनाना है।