*जैसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी जनता से अपील करते हैं, वैसे ही अब जनता नेताओं से कर रही अपील: रैलियों में वाहनों का उपयोग बंद हो, विदेश यात्राएं टालें, धन देशहित में लगाएं*
जिला रिपोर्टर कल्पी दुबे
*राजनांदगांव।* जिस तरह माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी समय समय पर देशहित में जनता से अपील करते हैं, उसी तर्ज पर अब जनता भी अपने नेताओं से अपील कर रही है। लोगों का कहना है कि देश की मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए नेताओं को भी सादगी और समानता का उदाहरण पेश करना चाहिए।
*रैलियों में वाहनों का उपयोग बंद करने की मांग:*
जनता की ओर से अपील की गई है कि नेताओं की बड़ी-बड़ी रैलियों में सैकड़ों गाड़ियों का काफिला बंद होना चाहिए। जनता का कहना है कि जब आम नागरिक जरूरत पड़ने पर ही अपने वाहन का उपयोग कर रहा है, तो नेता भी अपने कार्यों को सौम्य और सरल रूप से करें। बड़ी रैलियों और वाहनों के अनावश्यक प्रयोग से बचें।
*विदेश यात्रा टालें, धन देश के काम आए:*
लोगों ने सभी जनप्रतिनिधियों से यह भी अपील की है कि वे फिलहाल विदेश यात्राओं पर न जाएं और सामने आकर अपना धन देशहित में लगाएं। जनता रोड टैक्स, टोल टैक्स सहित कई तरह के टैक्स दे रही है, जबकि नेताओं का टोल टैक्स भी नहीं लगता। जनता चाहती है कि समानता का अधिकार दिखे और नेता भी आम नागरिक की तरह नियमों का पालन करें।
*पीएम की तर्ज पर जनता की अपील:*
नागरिकों का कहना है कि जिस तरह माननीय नरेंद्र मोदी जी ने जनता से एकजुटता, मितव्ययिता और देशहित की अपील की है, उसी तरह अब जनता भी नेताओं से यह अपील कर रही है कि वे भी त्याग और सादगी की मिसाल बनें। देश जब संकट या चुनौती के दौर से गुजर रहा हो, तब सभी वर्गों को एक समान योगदान देना चाहिए।लोगों ने कहा कि नेता जनता के सेवक हैं, इसलिए जनता की तरह ही उन्हें भी कठिन समय में संयम और सरलता अपनानी चाहिए। बड़े-बड़े काफिले, महंगी विदेश यात्राएं और दिखावा बंद कर वे जनता के बीच रहकर काम करें।
फिलहाल यह अपील सोशल मीडिया और चौक-चौराहों पर चर्चा का विषय बनी हुई है। आम लोगों का मानना है कि यदि नेता भी जनता की तरह अनुशासन और सादगी अपनाएं तो देश और तेजी से आगे बढ़ेगा।
