आबकारी विभाग की बड़ी कामयाबी, 20 दिनों से फरार शराब माफिया सोनू सेन गिरफ्तार
मुख्य बिंदु:
आरोपी: सोनू सेन (अवैध शराब बिक्री का मुख्य माफिया)
फरारी की तारीख: 30 अप्रैल से आबकारी विभाग की गिरफ्त से था फरार
बड़ी कार्रवाई: पुलिस और आबकारी विभाग के संयुक्त जाल में फंसा माफिया, आज हुई गिरफ्तारी।
20 दिनों के ‘चूहे-बिल्ली’ के खेल का अंत: सलाखों के पीछे पहुंचा अवैध शराब का बेताज बादशाह सोनू सेन
विशेष संवाददाता, [शहर/स्थान का नाम दर्ज करें]
अवैध शराब तस्करी और काले कारोबार के नेटवर्क को ध्वस्त करते हुए आबकारी विभाग और स्थानीय पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पिछले 20 दिनों से कानून की आंखों में धूल झोंककर फरार चल रहा कुख्यात शराब माफिया सोनू सेन आखिरकार आज सुरक्षा एजेंसियों के हत्थे चढ़ ही गया।
30 अप्रैल की वो रात और फिल्मी फरारी
याद दिला दें कि बीते 30 अप्रैल को सोनू सेन को आबकारी विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई के दौरान दबोचा था, लेकिन शातिर दिमाग सोनू चकमा देकर उनकी गिरफ्त से भागने में कामयाब रहा था। इस फरारी के बाद से ही आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे थे और विभाग के लिए सोनू सेन को पकड़ना एक बड़ी चुनौती और साख का सवाल बन चुका था।
आज ऐसे हुआ ‘द एंड’
गुप्त सूचना और सटीक मुखबिरी के आधार पर आबकारी विभाग ने आज एक स्पेशल टीम गठित कर सोनू सेन के संभावित ठिकानों पर घेराबंदी की। खुद को चारों तरफ से घिरा देख इस बार माफिया को भागने का मौका नहीं मिला और टीम ने उसे दबोच लिया।
अधिकारियों का बयान:
“कानून से बड़ा कोई माफिया नहीं हो सकता। सोनू सेन 30 अप्रैल से फरार था, जिसे आज हमारी टीम ने तत्परता दिखाते हुए गिरफ्तार कर लिया है। अब इस पूरे अवैध शराब नेटवर्क की कड़ियों को खंगाला जाएगा कि फरारी के दौरान इसे कौन पनाह दे रहा था।”
प्रशासन अब सोनू सेन पर शिकंजा कसने के साथ-साथ उसके पूरे सिंडिकेट को नेस्तनाबूद करने की तैयारी में है। कोर्ट में पेशी के बाद उसे रिमांड पर लिया जा सकता है ताकि कई और बड़े खुलासे हो सकें।



