सुमन साहित्य समिति द्वारा “महावीर जयंती” पर काव्य गोष्ठी*

रिपोर्ट सुधीर बैसवार
सनावद : — नगर की प्रतिनिधि साहित्यिक संस्था सुमन साहित्य समिति ने “महावीर जयंती” पर प्रिंस यशवंत शारदा भवन में काव्य गोष्ठी का आयोजन किया। काव्य गोष्ठी के प्रारंभ में कवि हुकुमचंद कटारिया आदर्श ने शारदा वंदना प्रस्तुत की।
संस्था अध्यक्ष कवि डॉ.धन्नालाल चौधरी धवल ने कहा –
भगवान महावीर ने जग को अहिंसा का मार्ग दिखाया है।
उस मार्ग पर चलकर जीवजगत प्रसन्नता से मुस्कराया है।
कवि विजय माहेश्वरी ने कहा – ईरान इजरायल अमेरिका ने हिंसा का मार्ग अपनाया है। जियो और जीने दो महावीर के सिद्धांतों को भुलाया है।
शायर जाकिर हुसैन अमि ने कहा – सामान मुहैया उनको करवाया था आपने ही। छाती पर बैठकर जो अब मूंग दल रहे हैं।
स्टेशन मास्टर कवि राधेश्याम सिंह ने कहा – दहेज परंपरा मानव समाज में एक बदनुमा दाग है।
संस्था सचिव हुकुमचंद कटारिया आदर्श ने कहा – कोई आदमी दया की मूर्ति होता है। कोई मक्कारी का शांहशाह होता है।
कवि पंडित विष्णु रत्न चतुर्वेदी ने कहा – भरोसा रखो हमारी दोस्ती पर हम किसी का दिल दुखाया नहीं करते।काव्य गोष्ठी का सफल संचालन कवि विजय महेश्वरी ने किया



